जिन्दगी को आसान, होने नहीं देती,

चन्द बातें रात भर, सोने नहीं देती।


देती है दर्द, कयामत से भी ज्यादा,

और चींख मार कर, रोने नहीं देती।


दिलाती है याद, हर बात हर वक्त,

खयालों में भी, ये खोने नहीं देती।


जो लिखा था, दिल की दीवारों पर,

आँसुओं से उसको, धोने नहीं देती


यह जिन्दगी बहुत, बुरी है जनाब।

ये कोई ख्वाब, पूरा होने नहीं देती।

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